हाइलाकांदी: दामछोड़ा में दूसरे दिन भी जारी अतिक्रमण हटाओ अभियान, 516 परिवार प्रभावित

हाइलाकांदी जिला के दामछोड़ा क्षेत्र में अतिक्रमण हटाओ अभियान दूसरे दिन भी जारी रहा। दामछड़ा के फॉरेस्ट विलेज इलाके में कल से शुरू हुए इस अभियान के तहत लगभग 516 परिवारों के घरों पर बुलडोजर चलाया जा रहा है।
आज दामछोड़ा के सेक्टर 1, 2, 3 और 4 में अभियान चलाया जा रहा है। वन विभाग के अनुसार, सुबह करीब 6 बजे अभियान शुरू हुआ और शाम तक जारी रहेगा। हाइलाकांदी वन विभाग के अधिकारी अखिल दत्त ने बताया कि यदि आज अभियान पूरा नहीं हो पाता है, तो जिला आयुक्त से चर्चा कर कल भी इसे जारी रखा जाएगा।
इस बीच, राइज़र दल के नेता जाहिर उद्दीन लस्कर ने इस अतिक्रमण अभियान को असंवैधानिक करार दिया है। उन्होंने कहा कि माननीय न्यायालय के निर्देशों के अनुसार, भूमिहीन लोगों को पहले भूमि का पट्टा दिया जाना चाहिए, उसके बाद ही अतिक्रमण हटाया जाना चाहिए। आरोप है कि असम सरकार और हाइलाकांदी वन विभाग बिना किसी परिवार को पट्टा दिए ही अभियान चला रहे हैं, जो पूरी तरह असंवैधानिक है।
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि इस अभियान में केवल अल्पसंख्यक समुदाय के लोगों को ही नोटिस जारी किया गया है, जबकि उसी क्षेत्र में जनजातीय समुदाय के लोग भी रहते हैं, जिन्हें नहीं हटाया गया। उनके अनुसार, यह अभियान अल्पसंख्यक-विरोधी है और फॉरेस्ट विलेज खाली कराने की निष्पक्ष कार्रवाई नहीं।
जाहिर उद्दीन लस्कर ने आगे कहा कि दामछड़ा असम–मिजोरम सीमा से सटा क्षेत्र है और यहां के निवासी लंबे समय से सीमा सुरक्षा में अहम भूमिका निभाते आए हैं। यदि इस इलाके को खाली कराया गया और भविष्य में मिजोरम द्वारा इस पर कब्जे की स्थिति बनी, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी असम सरकार और हाइलाकांदी जिला प्रशासन की होगी।





















